वैदिक पृष्ठभूमि
पाश्चात्य ज्योतिष जहाँ सूर्य को व्यक्तित्व का केंद्र मानता है, वहीं वैदिक परंपरा चंद्रमा को सर्वोच्च स्थान देती है — वह मनस् (मन) के अधिपति हैं। बृहत् पाराशर होरा शास्त्र जैसे शास्त्रीय ग्रंथ चंद्र राशि को स्वभाव, जीवन घटनाओं के समय और अनुकूलता का मुख्य आधार मानते हैं। इसीलिए वैदिक ज्योतिष में जन्म समय की सूक्ष्मता पाश्चात्य की तुलना में अधिक महत्वपूर्ण है।